सिलीगुड़ी में पहली बार सरकारी हस्तशिल्प मेला शुरू, मंत्री दिलीप बर्मन ने किया उद्घाटन

सिलीगुड़ी, 01 नवंबर । हस्तशिल्प कारीगरों और उनके द्वारा निर्मित उत्पादों को एक बड़ा बाजार मंच प्रदान करने तथा उन्हें आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनाने के उद्देश्य से सिलीगुड़ी में पहली बार सरकारी हस्तशिल्प मेले का आयोजन रविवार को किया गया है। पश्चिम बंगाल सरकार के सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यम एवं वस्त्र विभाग की पहल पर यह मेला एक नवंबर से 15 नवंबर तक सिलीगुड़ी के कावाखाली स्थित ‘पश्चिम बंगाल शिल्पी हाट’ में चलेगा। इस मेले में उत्तर और दक्षिण बंगाल के विभिन्न जिलों से कारीगर अपने हस्तशिल्प उत्पादों के साथ पहुंचे हैं।

मेले का उद्घाटन राज्य के मंत्री दिलीप बर्मन ने किया। इस अवसर पर राजयमंत्री आनंदमय बर्मन भी उपस्थित थे।

मंत्री दिलीप बर्मन ने जानकारी देते हुए कहा कि इस मेले में कुल 141 हस्तशिल्प कारीगरों ने अपना पंजीकरण कराया है, जिनमें से लगभग 100 कारीगर उत्तर बंगाल के विभिन्न जिलों से हैं।

सरकार का मुख्य ध्यान बंगाल की पारंपरिक हस्तकला को बड़े राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय बाजारों तक पहुंचाने पर है। इसके लिए कारीगरों द्वारा तैयार उत्पादों की आधुनिक पैकेजिंग, ब्रांडिंग और मार्केटिंग पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। विशेष रूप से बंगाल के जीआई टैग प्राप्त उत्पादों को राष्ट्रीय और वैश्विक स्तर पर पहचान दिलाने की योजना बनाई गई है।

मेले में अधिक से अधिक लोगों को आकर्षित करने के लिए स्थानीय प्रशासन ने पूरे सिलीगुड़ी शहर में लाउडस्पीकर (माइक) के जरिए व्यापक प्रचार-प्रसार के निर्देश दिए हैं। मेले के ठीक पास में पटाखा बाजार लगा होने के कारण भी यहां भारी संख्या में लोग पहुंच रहे हैं, जिसका सीधा फायदा हस्तशिल्प कारीगरों की बिक्री को मिल रहा है।

कारीगरों के अनुसार, शुरुआती दिनों में ही बिक्री काफी उत्साहजनक रही है और उम्मीद है कि 15 दिनों की अवधि समाप्त होने से पहले ही कई कारीगरों का सारा स्टॉक बिक जाएगा।