पश्चिमी सिंहभूम, 21 सितंबर । पश्चिमी सिंहभूम जिले के चक्रधरपुर प्रखंड कार्यालय परिसर स्थित एफसीआई गोदाम के बाहर से सरकारी चावल चोरी करने की कोशिश का मामला सामने आया। ट्रक से चावल की बोरियां निकालकर ई-रिक्शा में लादकर ले जा रहे एक युवक को ट्रक चालकों ने पीछा कर पकड़ लिया। इसके बाद चालकों ने युवक के हाथ-पैर बांधकर उसे मौके पर रोक लिया और घटना की सूचना पुलिस तथा एफसीआई के अधिकारियों को दी। पकड़े गए युवक की पहचान रेलवे क्षेत्र के गैंगखोली निवासी विकास सतनामी के रूप में हुई है।
बताया गया कि ट्रक चालक संजय शर्मा सरायकेला स्थित एफसीआई गोदाम से सरकारी चावल लेकर चक्रधरपुर पहुंचे थे। रविवार को साप्ताहिक अवकाश होने के कारण एफसीआई गोदाम बंद था। उन्होंने ट्रक को प्रखंड कार्यालय के समीप खड़ा किया और केबिन में सो गए। रात करीब दो बजे नींद खुलने पर उन्होंने ट्रक के पिछले हिस्से में लगा तिरपाल खुला पाया। इसके बाद उन्हें ट्रक से चावल की बोरियां निकाले जाने का संदेह हुआ।
संजय शर्मा ने आसपास खड़े अन्य ट्रकों के चालकों को जगाया। इसके बाद सभी ने मिलकर चावल की बोरियां ले जाने वाले व्यक्ति की तलाश शुरू की। इसी दौरान प्रखंड कार्यालय के मुहाने के पास एक ई-रिक्शा दिखाई दिया, जिस पर चावल की बोरियां लदी थीं। चालकों ने ई-रिक्शा को रोकने का प्रयास किया तो उस पर सवार युवक वाहन छोड़कर भागने लगा। चालकों ने पीछा कर कुछ दूरी पर उसे पकड़ लिया।
पकड़े जाने के बाद चालक युवक को वापस घटनास्थल पर ले आए और उसके हाथ-पैर बांधकर अपने कब्जे में रखा। चालकों का आरोप है कि युवक ट्रक से निकाली गई चावल की बोरियों को ई-रिक्शा के माध्यम से किसी अन्य स्थान पर ले जाने का प्रयास कर रहा था। चालक संजय शर्मा के अनुसार, पकड़े जाने के बाद युवक ने अपना मोबाइल फोन तोड़ दिया। पूछताछ के दौरान उसने कथित तौर पर अपने साथियों के बारे में भी कोई जानकारी नहीं दी।
घटना की सूचना मिलने के बाद संबंधित विभागीय अधिकारियों और स्थानीय पुलिस को दी गई। सोमवार सुबह एफसीआई के एजीएम के मौके पर पहुंचने के बाद युवक को आगे की कानूनी कार्रवाई के लिए पुलिस अथवा संबंधित विभागीय अधिकारियों को सौंपे जाने की प्रक्रिया शुरू की गई।
फिलहाल पुलिस और विभागीय स्तर पर यह जांच की जा रही है कि ट्रक से कितनी चावल की बोरियां निकालने का प्रयास किया गया था और इस मामले में पकड़े गए युवक के अलावा अन्य लोग भी शामिल थे या नहीं।
