जयरामबाटी सहित तीन जलाशयों में किया गया संचयन
कोलकाता, 6 जुलाई। समाजसेवा एवं जनकल्याण के क्षेत्र में कार्यरत गंगा मिशन द्वारा मत्स्य संवर्धन और पर्यावरण संरक्षण की दिशा में एक उल्लेखनीय पहल करते हुए लगभग 20 हजार मछलियों के बीज उपलब्ध कराए गए। रविवार को गंगा मिशन के राष्ट्रीय सचिव प्रह्लाद राय गोयनका के मार्गदर्शन में रामकृष्ण विवेकानंद मिशन, जयरामबाटी शाखा के अनुरोध पर रुई, कतला एवं मृगेल प्रजाति के लगभग 20 हजार मछली बीज उपलब्ध कराए गए।
इनमें से लगभग 5 हजार मछली बीज दरेग्राम स्थित क्षुदिराम श्रीरामकृष्ण सेवाश्रम के तालाब में छोड़े गए। वहीं लगभग 10 हजार मछली बीज रामकृष्ण विवेकानंद मिशन, जयरामबाटी शाखा के दो तालाबों में संचयित किए गए। इसके अतिरिक्त लगभग 5 हजार मछली बीज जयरामबाटी स्थित श्री श्री मातृ मंदिर के ‘माँ की दिग्घी’ में छोड़े गए।
इस पहल का उद्देश्य जलाशयों में मत्स्य उत्पादन को बढ़ावा देना, प्राकृतिक जैव विविधता का संरक्षण करना तथा स्थानीय स्तर पर पर्यावरणीय संतुलन बनाए रखने में योगदान देना है। इस प्रकार के जनहितकारी प्रयास समाज और प्रकृति, दोनों के लिए अत्यंत लाभकारी सिद्ध होते हैं।
रामकृष्ण विवेकानंद मिशन, जयरामबाटी शाखा एवं संबंधित संस्थाओं ने इस उदार सहयोग के लिए गंगा मिशन तथा उसके राष्ट्रीय सचिव प्रह्लाद राय गोयनका के प्रति कृतज्ञता व्यक्त की। मिशन के पदाधिकारियों ने विश्वास व्यक्त किया कि भविष्य में भी गंगा मिशन इसी प्रकार जनकल्याण और पर्यावरण संरक्षण से जुड़े कार्यों में अपना सक्रिय सहयोग प्रदान करता रहेगा।
