पूर्वी सिंहभूम, 07 मई । घाटशिला के पीडीएस डीलर मृणाल कांति रजक की आत्महत्या ने पूरे पूर्वी सिंहभूम जिले में पीडीएस डीलरों में आक्रोश पैदा कर दिया है। । लंबे समय से कमीशन भुगतान लंबित रहने, आर्थिक तंगी और मानसिक तनाव से जूझ रहे डीलर की मौत के विरोध में विभिन्न संगठनों एवं पीडीएस डीलरों ने उपायुक्त कार्यालय के समक्ष प्रदर्शन कर राज्य सरकार और प्रशासन के खिलाफ नाराजगी जाहिर की।


गुरुवार को जिले के विभिन्न पीडीएस संगठनों से जुड़े डीलरों ने उपायुक्त कार्यालय के समक्ष प्रदर्शन करते हुए राज्य सरकार और प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। प्रदर्शन में बड़ी संख्या में डीलर शामिल हुए और मृतक के परिवार को न्याय दिलाने की मांग उठाई गई।
प्रदर्शनकारियों ने कहा कि मृणाल कांति रजक लंबे समय से आर्थिक संकट और मानसिक तनाव से गुजर रहे थे। प्रदर्शनकारियों ने कहा कि मृतक डीलर ने सुसाइड नोट में आर्थिक परेशानियों और बकाया कमीशन का जिक्र किया है, जो यह दर्शाता है कि राज्यभर के पीडीएस डीलर किन कठिन परिस्थिति में काम करने को मजबूर हैं। उनका कहना था कि वर्षों से कमीशन और अन्य मदों का भुगतान लंबित रहने के कारण डीलर आर्थिक संकट, कर्ज और मानसिक दबाव का सामना कर रहे हैं।
प्रदर्शन का नेतृत्व कर रहे संगठन प्रतिनिधियों में अजय कुमार, शंभू नाथ रजक, सुनील महतो और प्रदीप साहू शामिल थे। नेताओं ने आरोप लगाया कि सरकार समय पर कमीशन भुगतान नहीं कर रही है, जिससे जिले के कई डीलर कर्ज और तनाव में जीने को विवश हैं।
डीलरों ने उपायुक्त को ज्ञापन सौंपकर मृतक के परिजनों को 10 लाख रुपये मुआवजा, परिवार के एक सदस्य को पीडीएस दुकान का लाइसेंस और लंबित कमीशन का शीघ्र भुगतान करने की मांग की।
प्रदर्शनकारियों ने चेतावनी दी कि यदि लंबित कमीशन का भुगतान और डीलरों की समस्याओं का समाधान जल्द ही नहीं किया गया, तो राज्यव्यापी आंदोलन किया जाएगा। उन्होंने कहा कि यह केवल एक परिवार का मामला नहीं, बल्कि झारखंड के हजारों पीडीएस डीलरों की पीड़ा और संघर्ष का प्रतीक है।
