पूर्वी सिंहभूम, 24 अगस्त ।आरपीएफ और जीआरपी की संयुक्त टीम ने रविवार रात स्टेशन परिसर में चलाए गए विशेष जांच अभियान के दौरान 30 किलोग्राम गांजा बरामद किया है। इस मामले में दो आरोपिताें को गिरफ्तार किया गया। कार्रवाई में नारकोटिक्स डॉग मैक्स ने अहम भूमिका निभाई। उसके संकेत के आधार पर संदिग्ध बैग की तलाशी ली गई, जिसमें गांजा बरामद हुआ।
गिरफ्तार आरोपिताें की पहचान बिहार के वैशाली जिले के राघोपुर फतेहपुर निवासी भूपेश कुमार (36) और कैमूर जिले के भभुआ निवासी शिव मुनि चौरसिया (38) के रूप में हुई है। प्रारंभिक पूछताछ में पुलिस को पता चला कि दोनों आरोपित ओडिशा से गांजा लेकर बिहार जाने की फिराक में थे।
एएसआई बलबीर सिंह के अनुसार, दोनों आरोपित समलेश्वरी एक्सप्रेस से टाटानगर पहुंचे थे। यहां से उन्हें पुरुषोत्तम एक्सप्रेस पकड़कर बिहार की ओर रवाना होना था। इसी दौरान आरपीएफ और जीआरपी की संयुक्त टीम स्टेशन परिसर में यात्रियों और उनके सामान की जांच कर रही थी। जांच के दौरान दोनों की गतिविधियां संदिग्ध लगीं, जिसके बाद जवानों ने उन पर नजर रखी।
संदेह के आधार पर दोनों के सामान की नारकोटिक्स डॉग मैक्स से जांच कराई गई। मैक्स ने एक बैग की ओर लगातार संकेत किया। इसके बाद सुरक्षा बलों ने बैग को खुलवाकर उसकी तलाशी ली। बैग के अंदर बड़ी मात्रा में गांजा मिला। वजन कराने पर गांजे की कुल मात्रा करीब 30 किलोग्राम निकली।
गांजा बरामद होने के बाद दोनों आरोपिताें को हिरासत में लेकर गिरफ्तार कर लिया गया। जब्त गांजे को पुलिस ने कब्जे में ले लिया है। दोनों आरोपिताें को आगे की कानूनी कार्रवाई के लिए रेल थाना टाटानगर के सुपुर्द कर दिया गया है। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि गांजे की खेप कहां से लाई गई थी और इसे बिहार में किसे पहुंचाया जाना था। साथ ही तस्करी से जुड़े अन्य लोगों के बारे में भी जानकारी जुटाई जा रही है।
