जामताड़ा, 15 मई झारखंड के जामताड़ा जिले में पुलिस ने तीन साइबर अपराधियों को गिरफ्तार किया है।
देश में रसोई गैस की किल्लत और इससे जुड़ी अफवाहों के बीच साइबर अपराधियों ने लोगों की चिंता को ठगी का नया जरिया बना लिया है। ठग खुद को गैस एजेंसी का कर्मचारी बताकर फोन कर रहे हैं या फिर व्हाट्सऐप और एसएमएस के जरिए फर्जी लिंक भेज रहे हैं। इन संदेशों में गैस बुकिंग, केवाईसी अपडेट या ओटीपी सत्यापन के नाम पर लोगों से बैंक विवरण और ओटीपी मांगा जा रहा है।
इसी तरह के एक साइबर गिरोह का जामताड़ा पुलिस ने भंडाफोड़ किया है। जामताड़ा पुलिस मुख्यालय में आयोजित संवाददाता सम्मेलन में एसपी शंभू कुमार सिंह ने जानकारी देते हुए बताया कि पुलिस को मिली गुप्त सूचना के आधार पर नारायणपुर थाना क्षेत्र के दक्षिणीडीह स्थित बंद पड़े प्राथमिक विद्यालय में छापेमारी कर तीन साइबर अपराधियों को रंगे हाथो गिरफ्तार किया गया।
गिरफ्तार आरोपियों में राजेश मंडल, अजय मंडल और हीरालाल मंडल शामिल हैं। पुलिस ने इनके पास से 8 मोबाइल फोन और सिम कार्ड बरामद किए हैं। गिरफ्तार किए गए सभी आदतन अपराधी है और कुछ दिन पहले ही जेल से बाहर आए है।
पुलिस सूत्रों के अनुसार, आरोपी लोगों के व्हाट्सऐप पर एलपीजी गैस से संबंधित एपीके फाइल भेजते थे। फाइल डाउनलोड करते ही मोबाइल की गोपनीय जानकारी साइबर अपराधियों तक पहुंच जाती थी, जिसके बाद ई-वॉलेट और बैंक खातों के जरिए ठगी की जाती थी। पुलिस ने लोगों से अपील की है कि किसी भी अनजान लिंक या एपीके फाइल पर क्लिक न करें और ओटीपी या बैंक संबंधी जानकारी किसी के साथ साझा न करें।
