प्रशासन ने की मृतकों के आश्रितों को एक-एक लाख रुपये मुआवजा देने की घोषणा – दो परिवारों को 70-70 हजार की तत्काल सहायता
खूंटी, 06 नवंबर । खूंटी के कर्रा-तोरपा मुख्य मार्ग पर हुए सड़क हादसे में सात लोगों की मौत के बाद मुआवजे की मांग को लेकर शुक्रवार को किया गया सड़क जाम प्रशासन की पहल पर समाप्त हो गया। दोपहर करीब डेढ़ बजे अधिकारियों और पीड़ित परिजनों के बीच सहमति बनने के बाद ग्रामीणों ने जाम हटा लिया। इसके बाद मृतकों के अंतिम संस्कार की तैयारियां शुरू कर दी गईं।
जामस्थल पर जिला परिवहन पदाधिकारी हरि शंकर बारी, अंचल अधिकारी अन्वेशा ओना, प्रखंड विकास पदाधिकारी स्मिता नागेशिया, अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी विजय कुमार सिंह, इंस्पेक्टर परशुराम पासवान और प्रभारी चिकित्सक डॉ. पीसी झा सहित अन्य अधिकारी पहुंचे। अधिकारियों ने पीड़ित परिवारों और ग्रामीणों से बातचीत कर उन्हें हरसंभव सहायता का भरोसा दिलाया।
इस दौरान अधिकारियों ने मानवीय पहल करते हुए आपस में चंदा एकत्र किया और राजेश लोहरा तथा बिरसा नायक के परिवारों को 70-70 हजार रुपये की तत्काल आर्थिक सहायता दी। वहीं, प्रशासन ने हादसे में मारे गए सभी सात लोगों के आश्रितों को सरकारी प्रावधान के तहत एक-एक लाख रुपये मुआवजा देने की घोषणा की।
इसके अलावा गुजरात में रह रहे राजेश लोहरा को घर लौटने के लिए हवाई जहाज का टिकट उपलब्ध कराया गया है। मृतकों के आश्रितों को बीमा के तहत मिलने वाली राशि का भुगतान सुनिश्चित कराने की प्रक्रिया भी शुरू कर दी गई है।
दो स्थानों पर होगा अंतिम संस्कार
हादसे में जान गंवाने वाले दोनों परिवारों के सदस्यों का अंतिम संस्कार अलग-अलग स्थानों पर किया जाएगा। लोहरा परिवार के चार मृतकों का अंतिम संस्कार डोड़मा में, जबकि नायक परिवार के तीन मृतकों का अंतिम संस्कार कर्रा में किया जाएगा।
हादसे में राजेश लोहरा की दूसरी पत्नी फगन संगा, मां करमी लोहराईन और बेटियां सुभानी कुमारी एवं सोनी कुमारी की मौत हुई है। वहीं, बिरसा नायक की पत्नी कसीला देवी उर्फ जवंती देवी, बेटी अंजली और नाती सौरभ नायक ने भी जान गंवाई है।
दुर्घटना में गंभीर रूप से घायल बच्ची खुशबू कुमारी को बेहतर इलाज के लिए खूंटी सदर अस्पताल से रांची स्थित रिम्स रेफर किया गया है। हादसे के बाद दोनों परिवारों में शोक और मातम पसरा हुआ है।
