श्रीनगर, 04 नवंबर (हि.स.)। जम्मू-कश्मीर की ग्रीष्मकालीन राजधानी श्रीनगर में मंगलवार-बुधवार की दरमियानी रात बेमिना इलाके के दुर्बल में आग लगने से लगभग 80 अस्थायी आश्रय स्थल जलकर राक हो गए। इस त्रासदी में दो लोगों की मौत हो गई। दोनों दिल्ली के रहने वाले हैं।
एक अधिकारी ने बताया कि आग रात करीब 12:23 बजे लगी और तेजी से अस्थायी आश्रय स्थलों में फैल गई। यह आश्रय स्थल तिरपाल और लकड़ी से बने थे। उन्होंने बताया कि आग की चपेट में आने से एक खाली पोल्ट्री फार्म और एक टिपर (ट्रक) को भी नुकसान पहुंचा है।
इस अधिकारी ने बताया कि आग बुझाने के लिए जेबीसी और रावलपोरा फायर स्टेशनों की दमकल गाड़ियां और साथ ही बटामालू स्थित फायर एंड इमरजेंसी सर्विसेज मुख्यालय से अतिरिक्त मदद भेजी गई।
अधिकारी ने कहा कि जब तक फायर एंड इमरजेंसी सर्विसेज को सूचना मिली तब तक पूरा इलाका आग की लपटों में घिर चुका था। उन्होंने बताया कि आग पर काबू पाने के बाद मलबे से दो शव बरामद किए गए। मृतकों की पहचान मोहम्मद नूर आलम (27) पुत्र अब्दुल वहाब निवासी दिल्ली हाल निवास दुर्बल और अल अमीन (16) पुत्र मोहम्मद रफी निवासी दिल्ली हाल निवास कुपवाड़ा के रूप में हुई है।
बताया गया है कि दोनों इस इलाके में कबाड़ बीनने का काम करते थे। फॉरेंसिक साइंस लैब की प्रक्रिया पूरी होने के बाद शवों को पुलिस को सौंप दिया गया। अधिकारी ने बताया कि आग लगने के कारणों का अभी पता नहीं चल पाया है।
