पश्चिमी सिंहभूम, 04 अगस्त । पश्चिम सिंहभूम जिले के मुफ्फसिल थाना क्षेत्र के अरगुण्डी गांव में हुए सनसनीखेज हत्याकांड का पुलिस ने त्वरित खुलासा करते हुए मृतक के करीबी दोस्त सहित छह आरोपितों को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस के अनुसार आपसी रंजिश में 30 वर्षीय युवक की कुल्हाड़ी और हसुआ से हत्या करने के बाद पहचान छिपाने के उद्देश्य से शव के कई टुकड़े कर दिए गए और उन्हें नदी में फेंक दिया गया। मामले में अन्य फरार आरोपियों की तलाश के लिए लगातार छापेमारी जारी है।
मंगलवार को आयोजित प्रेस वार्ता में सदर चाईबासा के अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी बहामन बहामन टुटी ने बताया कि 2 अगस्त को मुफ्फसिल थाना पुलिस को सूचना मिली थी कि अरगुण्डी गांव स्थित कोटसोना नदी में एक व्यक्ति का धड़ तैर रहा है। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और ग्रामीणों की सहायता से शव की पहचान अरगुण्डी निवासी 30 वर्षीय जोन गागराई के रूप में की गई। प्रारंभिक जांच में पता चला कि शव के हाथ, पैर और सिर अलग कर दिए गए थे।
इसके बाद पुलिस केंद्र चाईबासा से डॉग स्क्वॉयड को बुलाया गया। ग्रामीणों के सहयोग से नदी और आसपास के क्षेत्र में तलाशी अभियान चलाया गया, जिसमें मृतक के दोनों हाथ और दोनों पैर बरामद कर लिए गए, जबकि सिर का कोई पता नहीं चल सका।
घटना के संबंध में मृतक के पिता गोपीनाथ गागराई की लिखित शिकायत पर मुफ्फसिल थाना में (कांड संख्या 103/2026) दर्ज कर अनुसंधान शुरू किया गया। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर विशेष जांच दल का गठन किया गया।
जांच के दौरान पुलिस ने घटना की रात मृतक के साथ मौजूद उसके मित्र उदय जामुदा को हिरासत में लेकर पूछताछ की। पूछताछ में उसने अपना अपराध स्वीकार करते हुए बताया कि आपसी रंजिश के कारण उसने अन्य ग्रामीणों के साथ मिलकर जोन गागराई की हत्या की थी। उसकी निशानदेही पर घटनास्थल के समीप स्थित एक कुएं से मृतक का कटा हुआ सिर बरामद किया गया। वहीं हत्या में प्रयुक्त कुल्हाड़ी (टांगी) और हसुआ भी पुलिस ने जब्त कर लिया।
पुलिस ने इस मामले में सालुका जामुदा, वीरसिंह जामुदा, रामसिंह जामुदा उर्फ सिकंदर जामुदा, गणेश जामुदा, नारदे जामुदा और उदय जामुदा को गिरफ्तार किया है। सभी आरोपी मुफ्फसिल थाना क्षेत्र के अरगुण्डी गांव के रहने वाले हैं।
पुलिस का कहना है कि पूछताछ में सभी ने घटना में अपनी संलिप्तता स्वीकार की है, जबकि मामले में शामिल अन्य फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है।
पुलिस ने बताया कि इस पूरे मामले का खुलासा वैज्ञानिक अनुसंधान, तकनीकी साक्ष्यों और आरोपियों से पूछताछ के आधार पर किया गया है। बरामद हथियारों को जांच के लिए सुरक्षित रखा गया है और आगे की कानूनी कार्रवाई जारी है।
