हावड़ा, 26 अगस्त। गंगा संरक्षण, संवर्धन और जनजागरण के उद्देश्य से होने वाले गंगा समग्र राष्ट्रीय अधिवेशन 2027 को लेकर सम्पर्क अभियान का शुभारम्भ हो गया है। इसी क्रम में पश्चिम बंगाल सरकार के नगर विकास एवं संसदीय कार्य विभाग के राज्यमंत्री उमेश राय से भेंट कर उन्हें राष्ट्रीय अधिवेशन की रूपरेखा, उद्देश्यों और प्रस्तावित कार्यक्रमों की विस्तृत जानकारी दी गई।
भेंट के दौरान गंगा समग्र राष्ट्रीय अधिवेशन के आयोजकों ने मंत्री उमेश राय को बताया कि वर्ष 2027 में होने वाला यह राष्ट्रीय अधिवेशन गंगा नदी के संरक्षण, स्वच्छता, सांस्कृतिक एवं आध्यात्मिक महत्व तथा समाज की सहभागिता जैसे विषयों पर व्यापक विमर्श का महत्वपूर्ण मंच बनेगा। अधिवेशन के माध्यम से गंगा से जुड़े विभिन्न क्षेत्रों के प्रतिनिधियों, सामाजिक कार्यकर्ताओं, विद्वानों और गंगा प्रेमियों को एक मंच पर लाने का प्रयास किया जाएगा।
राज्यमंत्री उमेश राय ने राष्ट्रीय अधिवेशन की परिकल्पना की सराहना करते हुए इसके सफल आयोजन के लिए शुभकामनाएं देते हुए हरसंभव सहयोग का आश्वासन दिया।
इस अवसर पर राष्ट्रीय अधिवेशन के संरक्षक आचार्य डॉ. राकेश कुमार पाण्डेय, संयोजक बृज उपाध्याय एवं गंगा आरती प्रमुख रमाकांत पण्डित की गरिमामयी उपस्थिति रही। प्रतिनिधिमंडल ने मंत्री महोदय के समक्ष अधिवेशन की तैयारियों और सम्पर्क अभियान के आगामी चरणों की जानकारी भी साझा की।
आयोजकों के अनुसार, राष्ट्रीय अधिवेशन को व्यापक स्वरूप प्रदान करने के लिए विभिन्न राज्यों में सम्पर्क अभियान चलाया जाएगा।
