
पाकुड़, 15 जनवतीन। रेलवे सुरक्षा बल और राजकीय रेल पुलिस ने संयुक्त कार्रवाई करते हुए रेल पटरी पर लोहे का भारी टुकड़ा रखकर ट्रेन हादसा कराने की साजिश रचने के आरोप में तीन जनों को गिरफ्तार किया गया है।
अधिकारियों के अनुसार, यदि समय रहते यह साजिश उजागर नहीं होती तो बड़ा रेल हादसा हो सकता था, और सैकड़ों यात्रियों की जान खतरे में पड़ सकती थी।
जांच में सामने आया है कि आरोपियों ने तिलभीटा और कोटालपोखर रेलवे स्टेशन के बीच किलोमीटर संख्या 156/04 पर 1.57 मीटर लंबा कटा हुआ रेल का टुकड़ा पटरी पर रखा था। यह घटना 10 जनवरी की रात की है, जब कुमारपुर क्षेत्र के पास लेवल क्रॉसिंग गेट संख्या 41/सी के समीप रेल परिचालन को बाधित करने की कोशिश की गई।
मामले में पाकुड़ आरपीएफ पोस्ट में रेलवे अधिनियम की धारा 153, 174(सी) और 147 के तहत मामला दर्ज किया गया है। वहीं, जीआरपी बरहरवा थाना द्वारा भारतीय न्याय संहिता (BNS) की गंभीर धाराओं और सार्वजनिक संपत्ति क्षति निवारण अधिनियम के तहत अलग से प्राथमिकी दर्ज की गई है।
गुप्त सूचना के आधार पर 14 जनवरी 2026 को आरपीएफ, जीआरपी पाकुड़ और आरपीएफ की सीआईबी टीम (बर्धमान) ने संयुक्त छापेमारी कर यार मोहम्मद शेख उर्फ जोकर (29) और राहुल शेख (27) को गिरफ्तार किया। पूछताछ के दौरान दोनों ने न केवल इस साजिश में अपनी संलिप्तता स्वीकार की, बल्कि इससे पहले तिलभीटा स्टेशन क्षेत्र में मालगाड़ी से कोयला चोरी की घटना में शामिल होने की बात भी कबूल की।
पूछताछ में मुख्य आरोपी यार मोहम्मद उर्फ जोकर ने खुलासा किया कि उसके कुछ साथियों की गिरफ्तारी से नाराज होकर उसने रेलवे प्रशासन और आरपीएफ को परेशान करने के उद्देश्य से यह खतरनाक साजिश रची। उसकी निशानदेही पर पुलिस ने कुमारपुर गांव से तीसरे आरोपी नजमी शेख (33) को भी गिरफ्तार किया है। प्रारंभ में आरोपी ने जांच एजेंसियों को गुमराह करने की कोशिश की, लेकिन सख्त पूछताछ के बाद उसने भी अपराध में अपनी भूमिका स्वीकार कर ली। तीनों आरोपियों को 14 जनवरी 2026 को आवश्यक कागजातों के साथ न्यायालय में प्रस्तुत किया गया है।
रेलवे और पुलिस अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि यह मामला केवल स्थानीय अपराध नहीं, बल्कि राष्ट्रीय रेलवे नेटवर्क की सुरक्षा से जुड़ा हुआ गंभीर विषय है। फिलहाल जांच एजेंसियां अन्य संभावित आरोपियों की भूमिका की भी पड़ताल कर रही हैं।






