डॉ. बलमुचू

पश्चिमी सिंहभूम, 03 जनवरी । कांग्रेस हर कीमत पर मनरेगा की रक्षा करेगी। मनरेगा कोई साधारण योजना नहीं, बल्कि भारत के संविधान से मिला काम का अधिकार है। झारखंड में कांग्रेस के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष डॉ. प्रदीप कुमार बलमुचू ने शनिवार को ये बातें कही।

राष्ट्रव्यापी ‘मनरेगा बचाओ अभियान’ के तहत जिले के चाईबासा स्थित कांग्रेस भवन में आयोजित प्रेस वार्ता को संबोधित करते हुए डॉ. बलमुचू ने कहा कि मनरेगा ग्रामीण मजदूरों के सम्मान, रोजगार, मजदूरी और समय पर भुगतान से जुड़ी योजना है।

डॉ. बलमुचू ने आरोप लगाया कि मनरेगा से महात्मा गांधी का नाम हटाने और मजदूरों के अधिकार को खैरात में बदलने की साजिश की जा रही है, जिसका कांग्रेस लोकतांत्रिक तरीके से विरोध करेगी। उन्होंने कहा कि नए प्रावधानों के तहत केंद्र सरकार का खर्च 90 प्रतिशत से घटाकर 60 प्रतिशत और राज्य सरकार का हिस्सा 10 प्रतिशत से बढ़ाकर 40 प्रतिशत किया जा रहा है। इससे राज्य सरकारों पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ पड़ेगा और विकास कार्य प्रभावित होंगे।

बलमुचू ने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार बड़े उद्योगपतियों के कर्ज माफ कर देती है, लेकिन गरीबों को रोजगार की गारंटी देने वाली योजना को कमजोर किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार संघीय ढांचे पर हमला कर रही है और सत्ता व वित्त का केंद्रीयकरण किया जा रहा है। उनका आरोप था कि यह निर्णय कैबिनेट में चर्चा के बिना प्रधानमंत्री कार्यालय से लिया गया है।

डॉ. बलमुचू ने दावा किया कि मनरेगा को कमजोर करने का उद्देश्य गरीबों से रोजगार छीनना है। उन्होंने बताया कि मनरेगा में प्रस्तावित बदलावों के विरोध में कांग्रेस ने आंदोलन तेज करने का निर्णय लिया है।

बलमुचू ने इस मौके पर यह भी जानकारी दी कि 5 जनवरी को कांग्रेस कार्यकर्ता रांची के मोरहाबादी स्थित महात्मा गांधी प्रतिमा स्थल से लोकभवन तक पदयात्रा करेंगे।

प्रेस वार्ता में पार्टी के जिला अध्यक्ष रंजन बोयपाई और जिला प्रवक्ता त्रिशानु राय भी उपस्थित थे।