गुवाहाटी, 29 अगस्त । असम के मुख्यमंत्री डॉ. हिमंत बिस्व सरमा ने राज्य में रेल कनेक्टिविटी को लेकर बड़ा ऐलान किया है। शुक्रवार रात एक कार्यक्रम के दौरान उन्होंने बताया कि गुवाहाटी और दिल्ली के बीच रेल मार्ग को चार लेन में विकसित करने की योजना है। मुख्यमंत्री के मुताबिक, इससे असम और देश के दूसरे हिस्सों के बीच रेल यातायात को गति मिलेगी।
मीडिया से बातचीत में मुख्यमंत्री ने कहा कि देशभर में सात रेलवे ट्रैक को चार लेन में बदलने का काम तेजी से आगे बढ़ रहा है। उन्होंने यह भी बताया कि सराईघाट में दूसरे रेलवे पुल के निर्माण का काम जल्द शुरू होने की उम्मीद है।
हिमंत बिस्व सरमा ने कहा कि रेल मार्गों के विस्तार के बाद असम से देश के अन्य हिस्सों के बीच यात्री और मालगाड़ियों की आवाजाही बढ़ेगी। इससे राज्य की रेल कनेक्टिविटी मजबूत होगी और परिवहन व्यवस्था को भी फायदा पहुंचेगा।
मुख्यमंत्री के अनुसार, रेल नेटवर्क के विस्तार से राज्य के आर्थिक विकास और व्यापारिक गतिविधियों को भी बढ़ावा मिलने की उम्मीद है।
इस बीच, नगांव लोकसभा सीट पर होने वाले उपचुनाव को लेकर मुख्यमंत्री ने कांग्रेस पर राजनीतिक मुद्दा खड़ा करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि कांग्रेस राज्य में कथित अवैध कब्जाधारियों के खिलाफ चलाए जा रहे बेदखली अभियान को चुनावी मुद्दा बनाने की कोशिश कर रही है।
हिमंत बिस्व सरमा ने दावा किया कि कांग्रेस ने नगांव उपचुनाव को ध्यान में रखते हुए अभी से राजनीतिक तैयारियां शुरू कर दी हैं।
मुख्यमंत्री ने कांग्रेस सांसद गौरव गोगोई पर भी निशाना साधा। उन्होंने आरोप लगाया कि गोगोई धिंग इलाके में बांग्लादेशी मूल के बताए जाने वाले ‘मियां’ समुदाय के लोगों को संरक्षण देने की बात कर रहे हैं।
हिमंत बिस्व सरमा ने दावा किया कि कांग्रेस बेदखली अभियान को चुनावी मुद्दा बनाकर राजनीतिक फायदा हासिल करने की कोशिश कर रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि कथित अवैध कब्जाधारियों को बेदखली से बचाने के लिए कांग्रेस के पक्ष में मतदान करने का संदेश दिया जा रहा है।
मुख्यमंत्री डॉ. हिमंत बिस्व सरमा के इन आरोपों पर कांग्रेस की ओर से फिलहाल काेई प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।
