खड़गे ने उठाए सवाल, रिजिजू का पलटवार
नई दिल्ली, 4 अगस्त। संसद के मानसून सत्र के 12वें दिन मंगलवार को राम मंदिर चढ़ावा चोरी के आरोपों को लेकर संसद के दोनों सदनों में जोरदार हंगामा देखने को मिला। विपक्षी दलों ने संसद परिसर में प्रदर्शन करते हुए सरकार से मामले की निष्पक्ष जांच और जवाब की मांग की, जबकि सरकार ने विपक्ष पर राजनीतिक नाटक और भगवान राम के नाम पर घड़ियाली आंसू बहाने का आरोप लगाया।
सत्र की शुरुआत होते ही लोकसभा में विपक्षी सांसदों ने नारेबाजी शुरू कर दी। लगातार हंगामे के कारण सदन की कार्यवाही केवल तीन मिनट चल सकी और लोकसभा को दोपहर दो बजे तक स्थगित करना पड़ा। वहीं राज्यसभा की कार्यवाही भी विपक्ष के विरोध के चलते दोपहर 12 बजे तक के लिए स्थगित कर दी गई।
इससे पहले संसद परिसर के मकर द्वार पर कांग्रेस, समाजवादी पार्टी, राजद समेत विभिन्न विपक्षी दलों के सांसदों ने प्रदर्शन किया। कांग्रेस सांसद प्रियंका गांधी वाड्रा सहित कई नेताओं ने सरकार के खिलाफ नारे लगाए और राम मंदिर चढ़ावा चोरी के आरोपों की जांच की मांग की। दूसरी ओर तमिलनाडु के डीएमके सांसदों ने कावेरी जल विवाद को लेकर अलग से प्रदर्शन किया।
राज्यसभा में नेता प्रतिपक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने कहा कि राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट पर नकद चढ़ावे, आभूषणों और भूमि से जुड़े गंभीर आरोप सामने आए हैं। उन्होंने कहा कि इस ट्रस्ट का गठन केंद्र सरकार ने किया था और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी स्वयं इसके महत्वपूर्ण आयोजनों में शामिल होते रहे हैं। खड़गे ने सवाल उठाया कि इस मामले में प्रवर्तन निदेशालय (ईडी), केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई) तथा अन्य केंद्रीय जांच एजेंसियां अब तक क्या कर रही हैं। उन्होंने सरकार से सदन में स्पष्ट जवाब देने की मांग की।
खड़गे के आरोपों पर संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने तीखी प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि कांग्रेस और समाजवादी पार्टी वर्षों तक भगवान राम और राम मंदिर का विरोध करती रही हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि आज वही दल राजनीतिक लाभ के लिए इस मुद्दे पर प्रदर्शन कर रहे हैं। रिजिजू ने कहा कि विपक्ष देश को गुमराह करने के लिए घड़ियाली आंसू बहा रहा है और सरकार से सवाल पूछने से पहले उसे भगवान राम का अपमान करने के लिए देश से माफी मांगनी चाहिए।
इधर, संसद की कार्यवाही शुरू होने से पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने संसद परिसर स्थित जीएमसी बालयोगी ऑडिटोरियम में आयोजित एनडीए संसदीय दल की साप्ताहिक ‘मंगल मिलन’ बैठक में भाग लिया, जिसमें गृह मंत्री अमित शाह, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह सहित एनडीए के वरिष्ठ नेता और सांसद उपस्थित रहे।
